Tuesday, May 21, 2024
Home उत्तराखंड जीएसटी कॉउंसिल की बैठक में राज्य के वित्त मंत्री प्रेमचंद अग्रवाल हुए...

जीएसटी कॉउंसिल की बैठक में राज्य के वित्त मंत्री प्रेमचंद अग्रवाल हुए शामिल

देहरादून। केन्द्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण की अध्यक्षता में चंडीगढ़ में 47वीं जीएसटी कॉउंसिल की दो दिवसीय बैठक आयोजित हुई। इस बैठक में उत्तराखंड के वित्त मंत्री डॉ. प्रेमचंद अग्रवाल शामिल हुए। बैठक के बीच डॉ अग्रवाल ने केंद्रीय मंत्री से मुलाकात की। उन्होंने जीएसटी परिषद को जीएसटी लागू होने के बाद उत्तराखंड की आर्थिक स्थिति की जानकारी दी और जीएसटी क्षतिपूर्ति की अवधि को आगे बढ़ाने पर जोर दिया। इस सन्दर्भ में डॉ अग्रवाल ने केंद्रीय मंत्री को ज्ञापन भी दिया।
बुधवार को बैठक के दूसरे दिन केंद्रीय मंत्री से हुई मुलाकात में वित्त मंत्री डॉ. अग्रवाल ने बताया कि राज्य के गठन के समय वर्ष 2000-2001 में प्राप्त संग्रह 233 करोड़ था, नया राज्य गठन होने के बावजूद उत्तराखंड लगातार इस ओर वृद्धि प्राप्त कर रहा था। वर्ष 2016-17 में प्राप्त संग्रह राज्य गठन के समय से लगभग 31 गुना बढ़कर रू0 7,143 करोड़ हो गया था। इस अवधि राजस्व प्राप्ति के दृष्टिगत राज्य लगभग 19 प्रतिशत की दर से वृद्धि कर रहा था और वृद्धि दर के आधार पर देश के अग्रणी राज्यों में शामिल था। जबकि जीएसटी लागू होने के उपरान्त राज्य के राजस्व में अपेक्षित वृद्धि दर्ज नहीं की जा सकी है। वित्त मंत्री ने इसके प्रमुख कारण भी गिनाये। वित्त मंत्री डॉ. अग्रवाल ने कहा कि राज्य द्वारा प्राप्त वास्तविक राजस्व के कम रहने के कारण राज्य की जीएसटी प्रतिपूर्ति की आवश्यकता में निरंतर वृद्धि हुयी है। यह सम्भावित है कि क्षतिपूर्ति अवधि की समाप्ति के उपरान्त वर्ष 2022-23 में ही राज्य को लगभग सीधे तौर पर रू 5000 करोड़ की हानि होने की संभावना है। जो उत्तराखंड के भौगोलिक और आर्थिक दृष्टि से सही नही है। वित्त मंत्री डॉ. अग्रवाल ने बताया कि उत्तराखण्ड राज्य की चीन और नेपाल के साथ एक लम्बी अन्तर्राष्ट्रीय सीमा है, जिसके कारण राज्य का अत्यधिक सामरिक महत्व है। सीमांत पर्वतीय राज्य होने के कारण सुविधाओं के अभाव में पलायन राज्य की एक मुख्य समस्या रहा है। सीमांत क्षेत्रों से पलायन राष्ट्रीय सुरक्षा के परिप्रेक्ष्य में अत्यन्त संवेदनशील है इसीलिए राज्य में आधार संरचना का विकास किया जाना अत्यधिक आवश्यक है। इस प्रकार राज्य में आधार संरचना विकसित किये जाने तथा अन्य विकास कार्यों के लिए अतिरिक्त राजस्व संसाधनों की आवश्यकता है।

RELATED ARTICLES

बदरीनाथ धाम में आठ दिनों में रिकॉर्ड 120757 तीर्थयात्रियों ने किए दर्शन

चमोली। बदरीनाथ धाम में कपाट खुलने के बाद महज आठ दिनों में रिकॉर्ड 120757 तीर्थयात्री बदरीनाथ दर्शन कर चुके है। आज 19 मई को...

बाबा श्री विश्वनाथ मां जगदीशिला डोली का देहरादून में हुआ भव्य स्वागत

देहरादून। बाबा श्री विश्वनाथ मां जगदीशिला डोली की 25वीं रथ यात्रा का रविवार को नगर निगम कार्यालय परिसर देहरादून में भव्य स्वागत हुआ। इससे...

25 मई को खुलेंगे हेमकुंड साहिब के कपाट

देहरादून। हेमकुंड साहिब के कपाट आगामी 25 मई को खोले जाएंगे। इसके चलते राज्य सरकार, जिला प्रशासन और गुरुद्वारा प्रबंधन ने जमीनी हालात को...

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

- Advertisment -

Most Popular

बदरीनाथ धाम में आठ दिनों में रिकॉर्ड 120757 तीर्थयात्रियों ने किए दर्शन

चमोली। बदरीनाथ धाम में कपाट खुलने के बाद महज आठ दिनों में रिकॉर्ड 120757 तीर्थयात्री बदरीनाथ दर्शन कर चुके है। आज 19 मई को...

बाबा श्री विश्वनाथ मां जगदीशिला डोली का देहरादून में हुआ भव्य स्वागत

देहरादून। बाबा श्री विश्वनाथ मां जगदीशिला डोली की 25वीं रथ यात्रा का रविवार को नगर निगम कार्यालय परिसर देहरादून में भव्य स्वागत हुआ। इससे...

25 मई को खुलेंगे हेमकुंड साहिब के कपाट

देहरादून। हेमकुंड साहिब के कपाट आगामी 25 मई को खोले जाएंगे। इसके चलते राज्य सरकार, जिला प्रशासन और गुरुद्वारा प्रबंधन ने जमीनी हालात को...

पुलिस महानिदेशक ने केदारनाथ धाम में लिया सुरक्षा व्यवस्थाओं का जायजा

रुद्रप्रयाग। उत्तराखण्ड के पुलिस महानिदेशक अभिनव कुमार केदारनाथ धाम पहंुचकर सुरक्षा व्यवस्थाओं का जायजा लिया। इस दौरान डीजीपी ने ड्यूटी पर तैनात पुलिस बल...

Recent Comments